जितेंद्र जलज

जितेंद्र जलज

    वरिष्ठ कवि। विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में रचनाएं प्रकाशित। एक कविता संग्रह ‘चिड़िया ने आत्महत्या नहीं की’। कुछ तो है रातरानी की तरह महकती हुईदुनिया न नहींपर कुछ तो हैजंगल के भीतरजहां पगडंडियां लेकरजाती हैं हमेंकुछ तो हैजो हमें अपनी तरफखींचती हैकुछ तो हैरसीले...
रोटियाँ : जितेंद्र जलज

रोटियाँ : जितेंद्र जलज

      कविता संग्रह- ‘चिड़ियों ने आत्महत्या नहीं की’। रोटियाँ उसे भूख लगी है और उसके पास रोटी नहीं है उसके पास रोटी नहीं है तो उसे भूख क्यों लगी? इसके लिए किसी अदालत में भूख पर मुकदमा भी ठोंका नहीं जा सकता है सरकार रोटियाँ बांट रही है लेकिन भूखों की कतार...