कृति बरनवाल

कृति बरनवाल

    युवा कवयित्री।फिलहाल कॉपीराइटर के रूप में काम। शब्द  1पहले शब्द तितलियां थेचारों तरफ उनको पकड़ने की भीड़ थीसुंदर सतरंगी पंखों वाले शब्दशब्द पकड़ लिए गएऔर शीशे के बोइयामों में भर दिए गएतितलियां मर गईंफिर शब्दों से उनके तन को नोच लिया गयाऔर पंखों की आभा बचा...