ओम नागर

ओम नागर

    हिंदी और राजस्थानी भाषा के कवि, अनुवादक। संपादन-अनुवाद की इक्कीस पुस्तकें प्रकाशित। अद्यतन हिंदी कविता संग्रह ‘धार के विपरीत दौड़ती मछलियों की तरह’। हम औरतों का क्या गालियां तो और भी बहुत हैंउलाहने भी चुगलखोरलंकाहोलीविधवाढीठनपूतीनातेकरी हम औरतों का क्याहम...
राजस्थानी कविता : ओम नागर

राजस्थानी कविता : ओम नागर

    युवा कवि, अनुवादक, डायरी लेखक। हिंदी-राजस्थानी और संपादन-अनुवाद की बीस पुस्तकें प्रकाशित। अद्यतन हिंदी कविता संग्रह ‘सागवान किसी पेड़ का नाम नहीं’।   कविता के मुंह बोलती औरतें हे कवि!हमसंसार की चुप औरतें तुम्हारी कविता मेंतुम्हारी के मुंह बोलती...
ओम नागर

ओम नागर

    हिंदी और राजस्थानी भाषा में लेखन। हिंदी कविता संग्रह ‘देखना एक दिन’, ‘विज्ञप्ति भर बारिश’, ‘तुरपाई : प्रेम की कुछ बातें’ और ‘कुछ कविताएं’। सागवान किसी पेड़ का नाम नहीं उम्र के दो दशक बीत गएऔर नहीं देखा था सागवान का पेड़ गांव को पेड़ से नहींफल से मतलब थाऔर...
लगभग समय : ओम नागर

लगभग समय : ओम नागर

विशिष्ट कवि और अनुवादक। हिंदी राजस्थानी की दस पुस्तकें प्रकाशित। कविता संग्रह ‘विज्ञप्ति भर बारिश’, ‘तुरपाई : प्रेम की कुछ बातें’और राजस्थानी डायरी ‘हाट’ चर्चित।  (एक)जब लगभगकाटे जा चुके थे जंगलतब जगह-जगहबन रहे थे बग़ीचे बग़ीचे में फूल...