शहर में एक कोना : रवित यादव

शहर में एक कोना : रवित यादव

युवा कवि. दिल्ली विश्वविद्यालय में अध्ययन. मैं चाहता हूँ अपने लिएशहर में एक कोनाजहां किसी की आवाजाही न होउस कोने में पड़े हों बस दो स्टूलऔर एक टेबलजिसमें हमने रख दिए होंएक दूसरे के लिखे पत्रऔर कुछ किताबेंजिन्हें हम पढ़ सकेंबातों बातों मेंथाम लूं मैं उसका हाथजैसे कोई...