सबिता एकांशी

सबिता एकांशी

    शोध छात्रा। विभिन्न पत्रिकाओं में रचनाएं प्रकाशित। शांति युद्ध एक दिन टूट जाएगा उनका धैर्यतब स्त्रियां नहीं गाएंगी शोकगीतवे करेंगी एक शांति का युद्धदुनिया की तमाम महफिलें और बाजारतब सुन्न पड़ जाएंगेतुम जितना उखाड़ोगेवे बरगद बनेंगीउग उठेंगी हर बार तुम्हारी...