उबाल : शिवेंदु श्रीवास्तव कहानी कवि तथा कहानीकार। एक कविता संग्रह ‘यहां से इस तरह’ और एक कहानी संग्रह ‘पीली पर्ची’ प्रकाशित। जैव विविधता विषय पर एक पुस्तक। कजरी आज देर से सोकर उठी। फर्श, बिस्तर, सब गंदे हो गए थे, देर रात तक वह सफाई करती रही, सड़ी-सी महक जा ही नहीं रही थी।...
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