कविता
त्रिभुवनदास परसोत्तमदास लुहार ‘सुंदरम’ (१९०८-१९९१) साहित्य अकादमी व पद्म भूषण से सम्मानित।प्रसिद्ध पुस्तक ‘अर्वाचीन कविता’। प्रवीण पांड्या संस्कृत कवि एवं आलोचक। संस्कृत में चार काव्य संग्रह प्रकाशित। (१)हुआ है पृथ्वी के, तल पर युगारंभ बल कालिया विद्युत् वायु, स्थल जल...
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