एक साक्षात्कार कपिला वात्स्यायन का : अनुवाद अवधेश प्रसाद सिंह

एक साक्षात्कार कपिला वात्स्यायन का : अनुवाद अवधेश प्रसाद सिंह

रचनात्मकता को रोका नहीं जा सकताकपिला वात्स्यायन (1928-2020) का विगत सितंबर माह में निधन हो गया। वे वैश्विक स्तर पर प्रख्यात कला-विदुषी थीं। पद्म विभूषण से सम्मानित। वे कला-प्रदर्शनियों में सिद्धहस्त थीं और मानविकी तथा कला के क्षेत्र में बहु-अनुशासनात्मक स्तर पर संवाद...